इटावा जिला उत्तर प्रदेश

इटावा जिला उत्तर प्रदेश के ७५ जिलो में से एक है, ये यमुना नदी के किनारे और यहाँ का क्षेत्रफल २४३४ वर्ग किलोमीटर है, २०११ की जनगणना के अनुसार यहाँ की जनसँख्या 1,575,२४७ और जनसँख्या घनत्व ६५० व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है, यहाँ से राष्ट्रिय राजमार्ग १९ निकला है, ये समुद्र तल से १९७ मीटर की ऊंचाई पर है और इसके अक्षांस और देशांतर २६ गरी ७७ मिनट है उत्तर से ७९ डिग्री ३ मिनट पूर्व तक है, इटावा के दक्षिण पश्चिम में मध्यप्रदेश राज्य है.

Facts about Etawah UP

Name Etawah
State Uttar Pradesh
Area 4620 KM2
Population of Etawah 15,81,810( as per 2011)
Latitude and Longitude 26 Degree 47″ and 72 Degree 20″
STD code of Etawah 05688
Pin Code of Etawah 206001
District Magistrate (DM. Collector) Nitin Bansal (IAS)
Superintendent of Police (SP/SSP) Avinas Tyagi(IPS)
Chief development Officer Dinesh Kumar Shakya(PCS)
Chief Medical Officer Ram Kumar Pandey (MBBS, MS, MD)
Member of parliament Ashok Kumar Doharey(BJP)
MLA Raghuraj Singh Shaky (SP)
Number of Subdivisions 5
Number of Tehsils 5
Number of Villages 685
Railway Station Yes
Bus Station Yes
Air Port in Etawah No
Number of Hotels in Etawah 10
Number of degree Colleges 2
Number of Inter Colleges Yes( 3 Government and 7Private)
Number of Medical Colleges No
Number of Engineering Colleges Yes( 1Government and 1Private)
Computer Centers in Etawah Yes( Government and Private)
Malls in Etawah Yes(Near Shastri Chauraha, )
Hospitals in Etawah Yes( Government and Private)
Marriage Halls in Etawah Yes
River(s) Yes( Yamuna)
High Way(s) Yes(NH2)
Elevation 197 M
Density 684/Sq KM
Offical Website www.etawah.nic.in
Literacy rate 82.89%
Banks Yes(SBI, CBI, Axis, HDFC, BoI, Unian Bank, Canara etc)

History of Etawah in Hindi

इटावा जिला यमुना नदी के किनारे पर बसा है, महाभारत काल में इटावा का नाम इस्टिकापुरी था , पांडवो ने अज्ञातवास का कुछ समय यहाँ पर भी बिताया था और इसके निकट ही बकासुर नमक दैत्य का वध किया था, आज उस स्थान को बकेबर के नाम से जाना जाता है, इटावा इसके बाद 119 2 में प्रकाश में आया जब चंदौली के युद्ध में मुहम्म्द गौरी और कन्नोज के राजा जयचन्द का युद्ध हुआ था, इसके बाद इस का नाम 17वि शताब्दी में तब प्रकाश में आया जब अकबर ने एक युद्ध में यहाँ आकर भाग लिया और यहाँ के एक सैनिक ने अपने घोड़े से एक ही छलांग में हठी पर बैठे अकबर पर हमला किया, जिससे अकबर कई दिनों तक सदमे में रहा, इटावा पर कई राजवंशो ने राज किया जिनमे गुप्तस, कैनवस, कनिष्क, नगा किंग्स, गुर्जर प्रतिहार इत्यादि।

अकबर के एक सेनापति दिलदार खान का दिल इटावा के पास बने गॉव की लड़की पर आ गया, जिसका नाम रूपा था, उस समय उसने उस गांव का नाम सराये रूपा रखा दिया जिसे अकबर ने दिलदार खान की मौत के बाद बदल कर इकदिल कर दिया।

१८५७ की लड़ाई में भी इटावा का काफी योगदान रहा, यही पर कलेक्टर रहते हुए ऎ औ ह्यूम ने भारतीय राष्ट्रिय कॉंग्रेस्स की स्थापना का सपना देखा था और देश भर के विद्यार्थियों को संगठित होने को कहा था, यहाँ पर क्लिक करे इटावा का प्राचीन इतिहास जानने के लिए

इटावा का नक्शा मानचित्र मैप

गूगल मैप द्वारा निर्मित इटावा का मानचित्र, इस नक़्शे में इटावा के महत्वपूर्ण स्थानों को दिखाया गया है

 

इटावा जिले में कितनी तहसील है

इटावा जिले में ५ तहसील है जिनके नाम इस प्रकार से है 1. भरथना 2. चकरनगर 3. इटावा 4. जसवंतनगर 5.सैफई, इन तहसीलों में गांव भी है, सबसे ज्यादा गांव भरथना तहसील में है और सबसे कम गांव सफाई तहसील में है

इटावा जिले में कितने गांव है

इटावा जिले में कुल ६९३ गांव है, जो की अलग अलग तहसीलों के अन्तर्गत आते है, जैसे भरथना तहसील में २३१ गांव है, चकरनगर में १०७ गांव है, इटावा तहसील में १९५ गांव है जसवंत नगर तहसील में ९९ गांव है और सफाई तहसील में ६० गांव है

इटावा के पडोसी जिले

इटावा के उत्तर में मैनपुरी जिला है, उत्तर पूर्व में कन्नौज जिला है, पूर्व में औरैया जिला है, दक्षिण पूर्व में जालौन जिला है, दक्षिण पश्चिम में मध्य प्रदेश के जिले है जो की भिंड जिला है, पश्चिम में फिर से उत्तर प्रदेश का आगरा जिला है, उत्तर पश्चिम में फ़िरोज़ाबाद जिला है


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